Chapter 1. परिचय Class 11 Economics CBSE notes in hindi सांख्यिकी का महत्त्व - CBSE Study
कक्षा 11 Economics के लिए NCERT समाधान नवीनतम CBSE पाठ्यक्रम और NCERT पाठ्यपुस्तकों के अनुसार सावधानीपूर्वक तैयार किए गए हैं, ताकि विद्यार्थी प्रत्येक अवधारणा को स्पष्ट रूप से समझ सकें। इन समाधानों में सभी महत्वपूर्ण 1. परिचय को विस्तृत व्याख्या और चरण-दर-चरण उत्तरों सहित शामिल किया गया है, जिससे परीक्षा की बेहतर तैयारी हो सके। प्रत्येक सांख्यिकी का महत्त्व को सरल भाषा में समझाया गया है, ताकि विद्यार्थी मूलभूत सिद्धांतों को आसानी से समझकर अपनी शैक्षणिक उपलब्धि में सुधार कर सकें। यह अध्ययन सामग्री दैनिक गृहकार्य, पुनरावृत्ति अभ्यास तथा वार्षिक परीक्षा की तैयारी के लिए विशेष रूप से उपयोगी है। सटीक उत्तर, स्पष्ट अवधारणाएँ और व्यवस्थित सामग्री विद्यार्थियों को आत्मविश्वास बढ़ाने तथा परीक्षाओं में अधिक अंक प्राप्त करने में सहायता करती है। चाहे आप किसी विशेष विषय का पुनरावृत्ति कर रहे हों या पूरे अध्याय की तैयारी कर रहे हों, यह संसाधन Economics में पूर्ण सफलता के लिए विश्वसनीय और पाठ्यक्रम-आधारित मार्गदर्शन प्रदान करता है।
CBSE NOTES:
Class 11 English Medium Economics All Chapters:
1. परिचय
3. सांख्यिकी का महत्त्व
सांख्यिकी की सीमाएँ :
(i) सांख्यिकी व्यक्तिगत इकाईयों का अध्ययन नहीं करती है |
(ii) सांख्यिकीय निष्कर्ष भ्रम पैदा कर देते है |
(iii) सांख्यिकी सिर्फ संख्यात्मक तथ्यों का अध्ययन कराती है |
(iv) सांख्यिकी नियम केवल औसत पर ही सत्य उतरते हैं |
(v) इसका उपयोग केवल विशेषज्ञों द्वरा ही संभव है |
(vi) इसका दुरूपयोग संभव है |
सांख्यिकी का अर्थशास्त्र में महत्त्व (Importance of Statistics in Economic):
(a) सांख्यिकी उपभोग संबंधित आंकड़ों का अध्ययन कराता है |
(b) यह आर्थिक नियोजन के लिए ढाँचा प्रदान करता है |
(c) व्यापार एवं उत्पादन में सांख्यिकी व्यापार का आकार बढ़ने पर मांग एवं पूर्ति में सामंजस्य स्थापित करने में सहायता करता है |
(d) सांख्यिकी आंकड़ों के द्वारा विनिमय संबंधित अध्ययन आसानी से किया जा सकता है, जो राष्ट्रिय एवं अन्तराष्ट्रीय आवश्यकताओं के लिए आवश्यक है |
कुछ लोग सांख्यिकी पर अविश्वास करते हैं, उनके अविश्वास करने के निम्न कारण हैं:
(i) अधिकांश लोग आँकड़ों पर विश्वास कर लेते है, चाहे वह झूठी ही क्यों न हो | इसलिए कुछ संस्थाएँ इस विश्वास का फायदा उठाकर सही चीज को झूठी तथा झूठी चीज को सही साबित करने के लिए गलत आँकड़ें प्रस्तुत कर देते है |
(ii) एक ही समस्या से सम्बंधित अनेक आँकड़ें होते है |
(iii) पूर्व निर्धारित आँकड़ों को सिद्ध करने के लिए आँकड़ों को बदला जा सकता है |
(iv) सही आंकड़ों को भी इस प्रकार प्रस्तुत किया जा सकता है जिससे भ्रम की स्थिति पैदा हो |
(v) आँकड़ों का संकलन पक्षपातपूर्ण ढंग से किया जा सकता है जिससे गलत निष्कर्ष निकलते है |
अभ्यास के लिए प्रश्नावली : (Assignment)
एक अंक वाले प्रश्नः
Q1. अर्थशास्त्र की परिभाषा लिखिए।
Q2. दुर्लभता का क्या अर्थ है?
Q3. बहुवचन में सांख्यिकी की परिभाषा लिखिए।
Q4. एकवचन में सांख्यिकी की परिभाषा लिखिए।
Q5. सांख्यिकी की एक सीमा बताइए।
Q6. आर्थिक क्रिया से आप क्या समझते हो?
Q7. अनार्थिक क्रियाएं क्या होती हैं?
Q8. सांख्यिकी का कोर्इ्र एक कार्य लिखिए।
Q9. उपभोक्ता की परिभाषा लिखिए।
Q10. उत्पादक कौन होता है?
Q11. आर्थिक समस्या क्यों उत्पन्न होती है?
तीन अंक वाले प्रश्न:
Q1. ‘सेवाधारी’ तथा ’सेवा प्रदाता’ शब्दों की व्याख्या कीजिए तथा प्रत्येक का एक-एक उदाहरण भी दीजिए।
Q2. वर्तमान समय में सांख्यिकी के क्षेत्र को समझाइए।
Q3. अर्थशास्त्र में सांख्यिकी के महत्व की व्याख्या कीजिए।
Q4. ‘मात्रात्मक’ तथा ‘गुणात्मक’ ऑंकड़ों में अंतर बताइए तथा प्रत्येक का एक-एक उदाहरण भी लिखिए।
Q5. उत्पादन, उपभोग व वितरण आर्थिक क्रियाएं हैं, वर्णन कीजिए।
Q6. आप अर्थशास्त्र का अध्ययन क्यों करना चाहते हैं? कारण बताइए।
Q7. निम्नलिखित में कौन-सी क्रिया आर्थिक क्रिया है? कारण भी लिखिए।
(क) नदी के किनारे से रेत को शहर तक पहुँचाना।
(ख) शादी के समारोह में शामिल होना।
(ग) माता-पिता का उनके बच्चों को प्यार करना।
Q8. निम्नलिखित में अनार्थिक क्रिया को पहचानिए तथा कारण भी लिखिए।
(क) समाचार पत्रों की छपाई करने के लिए छपाई मशीन का उत्पादन।
(ख) हास्पिटल में डॉक्टर के द्वारा प्रदान की जाने वाली सेवा।
(ग) निःशुल्क चिकित्सा केन्द्र की स्थापना।
Q9. सांख्यिकी की कोई तीन सीमायें लिखियें?
एक अंक वाले प्रश्नों के उत्तर :
Q1. अर्थशास्त्र ऐसे विषय का अध्ययन है जिसमें मनुष्य व समाज वैकल्पिक उपयोग वाले सीमित संसाधनों से चुनाव द्वारा अपनी असीमित आवश्यकताओं की संतुष्टि करते हैं।
Q2. दुर्लभता से अभिप्राय है, वस्तुओं तथा संसाधनों का उनकी मांग की तुलना में अभाव।
Q3. बहुवचन में सांख्यिकी से तात्पर्य ‘‘व्यवस्थित रूप में संगृहित संख्यात्मक तथ्यों से है।’’
Q4. एकवचन में सांख्यिकी से अभिप्राय सांख्यिकीय विधियों से है जैसे ऑकड़ों का संकलन, संगठन, प्रस्तुतीकरण, विश्लेषण व निर्वाचन।
Q5. सांख्यिकी केवल मात्रात्मक तथ्यों का अध्ययन करती है।
Q6. वे क्रियाएं जो मानवीय आवश्यकताओं की संतुष्टि के लिए दुर्लभ संसाधनों के प्रयोग से संबंधित हैं आर्थिक क्रियाएं कहलाती है।
Q7. अनार्थिक क्रियाएं वे क्रियाएं होती है जिनका कोई आर्थिक पहलू नहीं होता है अर्थात् धन कमाने से इनका कोई संबंध नहीं होता है।
Q8. सांख्यिकी ऑंकाड़ों को संगठित रूप में प्रस्तुत करती है।
Q9. उपभोक्ता वह आर्थिक एजेंट होता है जो वस्तुओं व सेवाओं का क्रय आवश्यकताओं की संतुष्टिके लिए करता है।
Q10. व्यक्ति या संस्था जो वस्तु व सेवाओं का उत्पादन/बिक्री धन कमाने के लिए करता है। उत्पादक कहलाता है।
Q11. आर्थिक समस्या संसाधनों की दुर्लभता एवं सीमितता के कारण उत्पन्न होती है।